नागोया में एशियाई पैरा खेलों के तीसरे दिन भारत ने पांच स्वर्ण समेत 27 पदक जीते। इसके साथ भारत के कुल पदक 62 हो गए और टीम पदक तालिका में पांचवें स्थान पर पहुंच गई। सचिन खिलारी ने गोला फेंक F46 में भारत के क्लीन स्वीप की अगुवाई की, जबकि प्रवीण कुमार ने खेलों का नया रिकॉर्ड बनाया।
नागोया, जापान: बुधवार का दिन पूरी तरह भारतीय एथलीटों के नाम रहा। पहले दो दिनों में जीते 35 पदकों में ये 27 पदक जुड़ने से कुल संख्या 62 हो गई, जिसमें 14 स्वर्ण, 22 रजत और 26 कांस्य शामिल हैं। भारत पदक तालिका में छठे से पांचवें स्थान पर पहुंच गया।
थ्रो सर्कल से बनी लय
सचिन खिलारी ने पुरुषों की गोला फेंक F46 स्पर्धा में 15.87 मीटर के साथ खेलों का रिकॉर्ड बनाते हुए अपना खिताब बचाया, और पूरे पोडियम पर भारत का कब्जा रहा। मोहम्मद यासर ने 15.06 मीटर के साथ रजत जीता और प्रवीण ने कांस्य जीतकर क्लीन स्वीप पूरा किया।
थ्रो सर्कल से पदक आते रहे। आयुष वर्मा ने 8.16 मीटर के साथ पुरुषों की गोला फेंक F53 में स्वर्ण जीता। भाग्यश्री जाधव ने महिलाओं की F34 स्पर्धा में 8.19 के निजी सर्वश्रेष्ठ थ्रो के साथ रजत जोड़ा, और रवि रोंगाली ने पुरुषों की F40 स्पर्धा में 10.02 के थ्रो के साथ कांस्य जीता।
हवा में भी रिकॉर्ड, ट्रैक पर भी
प्रवीण कुमार ने पुरुषों की T64 ऊंची कूद में 2.05 मीटर की छलांग लगाकर खेलों का रिकॉर्ड बनाया, और बंटी के रजत के साथ इस स्पर्धा में पहले दोनों स्थान भारत के नाम रहे। शैलेश कुमार ने पुरुषों की T42 लंबी कूद में 5.57 के खेलों के रिकॉर्ड के साथ कांस्य जीता।
फर्राटा दौड़ में दिलीप गावित ने पुरुषों की 100 मीटर T47 दौड़ 10.69 सेकंड में जीती, जबकि मोहम्मद बासिल 10.72 सेकंड के साथ दूसरे स्थान पर रहे। प्रणव देसाई ने T64 100 मीटर में 11.96 के साथ कांस्य जीता, अनुभव चौधरी ने 12.72 के निजी सर्वश्रेष्ठ समय के साथ T35 में कांस्य हासिल किया, और शरत मकनहल्ली ने 1500 मीटर T12 में 4:11.01 का समय निकालकर कांस्य जीता।
विजेताओं के अलावा भी दमदार प्रदर्शन
मनजीत ने पुरुषों की F13 भाला फेंक में करियर के सर्वश्रेष्ठ थ्रो के साथ रजत जीता, जबकि सुखचैन ने F55 भाला फेंक में 29.94 के साथ कांस्य हासिल किया। करमज्योति ने महिलाओं की F55 चक्का फेंक में 21.60 के निजी सर्वश्रेष्ठ के साथ कांस्य जोड़ा, और हैनी भी पुरुषों की F37 चक्का फेंक में पोडियम तक पहुंचे।
तीरंदाजी में शीतल देवी और पायल नाग ने महिलाओं की कंपाउंड युगल स्पर्धा में रजत जीता। फाइनल में उन्हें चीन से हार मिली।
कहां खड़ा है भारत
तीसरे दिन के प्रदर्शन से स्वर्ण पदकों की संख्या नौ से बढ़कर 14 हो गई, और यह दूसरे दिन जीते 24 पदकों की कामयाबी पर आगे बढ़ने वाला दिन रहा। 62 पदकों के साथ भारत अब पांचवें स्थान पर है, और उससे ऊपर की टीमें अब भी पहुंच में हैं।
तीसरे दिन भारत: 5 स्वर्ण समेत 27 पदक। तीन दिन बाद कुल: 62 पदक (14 स्वर्ण, 22 रजत, 26 कांस्य), पदक तालिका में पांचवां स्थान।



